facebook · sidharth joshi

राम मंदिर

राम मंदिर बनने के बाद बीजेपी के पास मुख्‍य मुद्दा क्‍या होगा ??

राजनीतिक दृष्टिकोण से मुस्लिमों को बेचारा सिद्ध करने के लिए हिंदू वर्सेज मुस्लिम कोण बनाया गया। जबकि हर कोई जानता है कि देश के सभी हिंदू किसी भी कोण से एक नहीं है। यहां तो ब्राह्मणों में भी छप्‍पन भेद हैं। दक्षिण वाले खुद को बड़ा मानते हैं, वैष्‍णव खुद को श्रेष्‍ठ, बनारसी सबको नीचे मानकर ही बात शुरू करते हैं। ऐसे में सभी जातियों के हिंदुओं को किस कोण से एक कहा जा सकता है।

अब राम का नाम ही ऐसा था जो बड़े हिंदू समूह को एक छतरी के नीचे ला सकता था, वही किया गया, मुद्दा राम मंदिर बना, अब अगर एनडीए अभी राम मंदिर बना दे, उसके बाद क्‍या पार्टी का विसर्जन कर दिया जाए?

भ्रष्‍टाचार के खिलाफ तो आप पार्टी खड़ी है। फिर क्‍या आप पार्टी को वोट देकर कांग्रेस के सामने खड़ा किया जाएगा, या फिर से कांग्रेसी शासन को केन्‍द्र में लाया जाएगा…
देश को अभी मंदिर की जरूरत है या विकास की…

निजी तौर पर मैं अभी एक दशक और मंदिर का इंतजार कर सकता हूं, जब यह मुद्दा ही गौण हो जाए, तब मंदिर बन जाए, राजनीतिक पार्टियों के पास सांस लेने की जगह भी नहीं बचे, इतने दूसरे मुद्दे हों, तब राम मंदिर बने…

Advertisements