new thought · sidharth joshi

एक माइक्रोपोस्‍ट…

वायदा बाजार 
किसानों और निर्यातकों के भले के लिए शुरू हुआ 
अब न किसानों को सही भाव मिलते हैं न निर्यातकों को
सटोरिए पूरी व्‍यवस्‍था पर हावी हैं 

ब्‍लॉगिंग 

इससे कैसे, कब, क्‍यों और कहां जुडे 

कब नियमित लिखना शुरू किया
कौन हमारे लेखन को प्रभावित करता है 
अगली पोस्‍ट में क्‍या लिखना है कौन बताएगा 
किसके फायदे के लिए यह किया जा रहा है 
और किसे इसका फायदा हो रहा है। 
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3 विचार “एक माइक्रोपोस्‍ट…&rdquo पर;

  1. लाभ हानि से ऊपर उठकर बस लिखे चलो, लिखे चलो। अन्यथा पढ़े चलो, पढ़े चलो।घुघूती बासूती

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  2. ब्लॉग्गिंग कब और कहाँ से शुरू हुआ उस का इतिहास तो साफ़ साफ़ नहीं मालूम मगर इतना पता है..की पढने वाले अपने मतलब की सामग्री ढूंढ़ ही लेते हैं.कभी अपने ज्ञान वर्धन हेतु..कभी मनोरंजन हेतु..कभी समय गुजारने को..कभी अपने दिल की भडास निकलने हेतु..ब्लॉग्गिंग लिखने -पढने के लिए कारण बहुत से हैं.अब वायदा बाज़ार जैसी हालत तो नहीं हुई होगी अभी तक इस क्षेत्र की ,इतना तो तय है.

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  3. ब्लॉग्गिंग कब और कहाँ से शुरू हुआ?? पता नही, लेकिन मै किसी एक या अपने भले के लिये नही बस युही मस्ती करने के लिये लिखता हुं, कुछ यार दोस्त बन गये तो गप्पे मार ली टिपण्णी के रुप मे ओर हां इन सब सटोरिए को एडस हो जाये साले मरे …आप की एक माइक्रोपोस्‍ट… नही दोनो माइक्रोपोस्‍ट पसंद आई. धन्यवाद

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